कानून में जीवन सबसे बुनियादी अधिकार है। BNS के अनुसार किसी की जान लेने की कोशिश भी गंभीर अपराध मानी जाती है, भले ही व्यक्ति बच जाए।
इस कानून में मुख्य ध्यान नतीजे (मृत्यु) पर नहीं बल्कि इरादे और किए गए कार्य पर है। यदि किसी का व्यवहार ऐसा है कि अगर मौत हो जाती तो यह हत्या होती, तो उस व्यक्ति को कड़ी सज़ा भुगतनी होगी। यह प्रावधान हिंसक व्यवहार को रोकने और सार्वजनिक सुरक्षा बनाए रखने के लिए बनाया गया है।
BNS 109, के अध्याय VI (मानव जीवन से संबंधित अपराध) का हिस्सा है। यह पुरानी IPC की हत्या के प्रयास संबंधी धाराओं की जगह लेता है और आधुनिक अपराध न्याय मानकों के अनुसार इरादे और हानि here पर ध्यान केंद्रित करता है।